Skip to main content

रेल यात्रियों को हर घंटे एसएमएस अलर्ट, राजधानी, शताब्दी, तेजस और गतिमान जैसी ट्रेन के स्टेशन पहुंचने की सूचना चार घंटे पहले से लेकर आखिरी घंटे तक दी जा रही railway alert sms

नई दिल्ली : रेलवे ने प्रमुख ट्रेनों के यात्रियों के लिए हर घंटे ट्रेन अलर्ट की सुविधा शुरू की है। इसके तहत राजधानी, शताब्दी, तेजस और गतिमान जैसी प्रमुख ट्रेनों के यात्रियों को एसएमएस के जरिए ट्रेन के स्टेशन पहुंचने की सूचना चार घंटे पहले से लेकर आखिरी घंटे तक दी जा रही है।

इस सेवा को 3 दिसंबर से 102 प्रमुख ट्रेनों में प्रारंभ किया गया था। और 7 दिसंबर तक 23 जोड़ा राजधानी, 26 जोड़ा शताब्दी तथा एक-एक जोड़ा तेजस और गतिमान ट्रेनों के यात्रियों को कुल मिलाकर 33,08,632 एसएमएस भेजे जा चुके थे। रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस सेवा का मकसद प्लेटफार्मो पर प्रमुख ट्रेनों के यात्रियों को स्टेशन की भीड़ तथा गैरजरूरी इंतजार से बचाना है। इसके लिए यात्रियों से कोई शुल्क नहीं लिया जा रहा है। आगे चलकर अन्य ट्रेनों में भी इस सेवा का विस्तार किया जाएगा।

रेलवे बोर्ड के अधिकारी के अनुसार इस सेवा के तहत सबसे पहले यात्री को उसकी ट्रेन के प्लेटफार्म पर आने से चार घंटे पहले एसएमएस भेजा जाता है। इसके बाद जब तक ट्रेन पहुंच नहीं जाती, हर घंटे अपडेट दिया जाता है। विंडो से आरक्षण कराने वाले यात्रियों को ये सेवा हासिल करने के लिए रिजर्वेशन स्लिप पर अपना मोबाइल नंबर दर्ज करना आवश्यक है। 1फिलहाल ये सेवा केवल राजधानी, शताब्दी, तेजस और गतिमान ट्रेनों के यात्रियों को उपलब्ध कराई जा रही है। अन्य मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों के यात्रियों को भी जल्द ही इसका लाभ मिलेगा। अभी अन्य मेल/एक्सप्रेस ट्रेनों के यात्रियों को केवल ट्रेन कैंसिल होने, समय में परिवर्तन अथवा ट्रेन के तीन घंटे से ज्यादा लेट होने पर एसएमएस भेजा जाता है।

■  ट्रेन रनिंग स्टेटस में भी सुधार : इस बीच ट्रेन रनिंग स्टेटस प्रणाली में खामियों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए रेलवे ने ‘इसरो’ की मदद से इसमें सुधार का निर्णय लिया है। इसके तहत अब ट्रेन के किसी स्टेशन पर पहुंचने की सटीक जानकारी ट्रेन रनिंग स्टेटस पर मिलेगी। इसके लिए प्रणाली में डेटा फीडिंग को मैन्युअल के बजाय आटोमैटिक करने के इंतजाम किए जा रहे हैं। मैन्युअल फीडिंग के तहत कंट्रोल रूम के कर्मचारी ट्रेन का अपडेट कंप्यूटर पर भरते हैं। जबकि इसरो के साथ हुए समझौते के तहत जीपीएस से प्राप्त डेटा के आधार पर ट्रेन रनिंग की जानकारी वास्तविक समय के आधार पर अपने आप कंप्यूटर में फीड होगी। 

/fa-clock-o/ MONTHLY TRENDING$type=list

खुशखबरी : सरकार ने पीपीएफ,एनएससी, सुकन्या समेत अन्य छोटी बचत योजनाओं पर बढ़ाई ब्याज दरें

खुशखबरी : सरकार ने पीपीएफ,एनएससी, सुकन्या समेत अन्य छोटी बचत योजनाओं पर बढ़ाई ब्याज दरें
राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (एनएससी) व सार्वजनिक भविष्य निधि (पीपीएफ) समेत लघु बचत योजनाओं में निवेश करने वालोंं के लिए केंद्र सरकार अच्छी खबर लाई है। उसने इनमें ब्याज दर बढ़ाने का फैसला किया है।


केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (एनएससी) और सार्वजनिक भविष्य निधि (पीपीएफ) समेत लघु बचत योजनाओं के लिए ब्याज दर अक्तूबर-दिसंबर तिमाही के लिए 0.4 प्रतिशत तक बढ़ा दी है।  लघु बचत योजनाओं के लिए ब्याज दरों को तिमाही के आधार पर संशोधित किया जाता है।



वित्तमंत्री ने जारी अधिसूचना में कहा कि वित्त वर्ष 2018-19 की तीसरी तिमाही के लिए विभिन्न लघु बचत योजनाओं की ब्याज दरें संशोधित की जाती हैं।  पांच वर्ष की सावधि जमा, आवर्ती जमा और वरिष्ठ नागरिक बचत योजना की ब्याज दरें बढ़ाकर क्रमश: 7.8 प्रतिशत, 7.3 प्रतिशत और 8.7 प्रतिशत कर दी गयी हैं।  हालांकि बचत जमा के लिए ब्याज दर चार प्रतिशत बरकरार है।

■ पीपीएफ और एनएससी पर मौजूदा 7.6 प्रतिशत की जगह अब आठ प्रतिशत की सालाना दर से ब्याज मिलेगा।■ किसान विकास पत्र पर अब 7.7 प्र…

अब रेलवे के इस एप से बुक कर सकेंगे अनारक्षित और प्लेटफार्म टिकट : आइये जाने कैसे?

यात्रियों को ट्रेन की जनरल टिकट यानि अनारक्षित टिकट के लिए अब लंबी लाइन में नहीं लगना पड़ेगा। ऑनलाइन रिजर्वेशन की तरह ही आप अपने मोबाइल फोन से जनरल टिकट भी बुक करा सकेंगे।

रेल में यात्रा करने वालों के लिए एक अच्छी खबर है। यात्रियों को ट्रेन की जनरल टिकट यानि अनारक्षित टिकट के लिए अब लंबी लाइन में नहीं लगना पड़ेगा। ऑनलाइन रिजर्वेशन की तरह ही आप अपने मोबाइल फोन से जनरल टिकट भी बुक करा सकेंगे।

इसके लिए उपयोगकर्ता को रेलवे द्वारा बनाए गए एप utsonmobile को डाउनलोड कर उसमें अपना रजिस्ट्रेशन करना होगा। इसके बाद रेलवे काउंटर से रिचार्ज करवाकर उससे वह टिकट खरीद सकता है। रेलवे ने मोबाइल फोन के जरिए अनारक्षित टिकट एवं प्लेटफार्म टिकट की बुकिंग को लेकर प्रेस रिलीज जारी कर यह जानकारी दी है।



एेसे करें एप डाउनलोड और टिकट बुकिंग

स्टेप-1
सबसे पहले यात्री को एप utsonmobile में अपना रजिस्ट्रेशन करना होगा। रजिस्ट्रेशन के दौरान यात्री से सम्बंधित सामान्य जानकारी मांगी जाएगी, जिसमें नाम, मोबाइल नंबर, शहर, अधिकतर यात्रा किए जाने वाला रूट, जन्म तिथि, परिचय पत्र के साथ रजिस्ट्रेशन होने के बाद यूजर का नाम तथा …

क्या है ERSS 112? अक्सर पूछे जाने योग्य प्रश्न

112 क्या है ? "112" संकट की स्थिति में डायल किया जाने वाली एक एकल आपातकालीन संख्या है जो अग्नि शमन ब्रिगेड, एक मेडिकल टीम या पुलिस से तत्काल सहायता प्राप्त करने के लिए भारत के सभी 36 राज्यों / केंद्रशासित प्रदेशों में 24 घंटे व सातो दिन कॉल की जा सकती है। आप एक स्थिर (लैंडलाइन) या मोबाइल फोन के साथ नंबर 112 पर कॉल कर सकते हैं। एकल आपातकालीन संख्या हर जगह मुफ़्त है।


112 ही क्यों? जब डायल 100 पहले से उपयोग में था? 112 एक विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त एकल आपातकालीन संख्या है, जो अधिकांश यूरोपीय देशों, राष्ट्रकुल देशो द्वारा अपनायी गयी है और संयुक्त राज्य अमेरिका और कनाडा में आपातकालीन संख्याओं से सम्बंधित की गयी है। अधिकांश निर्मित फोन हैंडसेट 112 संख्या के साथ प्री-प्रोग्राम (पहले से संयोजित ) होते हैं क्योंकि आपातकालीन संख्या एकल कुंजी (Key or Button ) दबाने के साथ डायल की जाती है। TRAI ने मई 2015 में भारत में एक आपातकालीन संख्या के उद्देश्य के लिए इस नंबर को आवंटित किया था।

112 एक आपात बटन (Panic Button) क्या है? और यह 112 से कैसे संबंधित है?
भारत सरकार द्वारा प्रकाशित राजपत्र के…